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Cricket News: लॉर्ड्स टेस्ट में इमरान खान के बेटों के इंटरव्यू पर बवाल, PCB ने दी मैच छोड़ने की चेतावनी; Sky Sports ने फिर भी किया प्रसारण

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Alam Ki Khabar | Bihar News | Patna News | Samastipur News | पाकिस्तान और इंग्लैंड के लॉर्ड्स टेस्ट में इमरान खान के बेटों के इंटरव्यू को लेकर विवाद हुआ। PCB ने प्रसारण रोकने को कहा, लेकिन Sky Sports ने इंटरव्यू ऑन-एयर किया।

लॉर्ड्स में पाकिस्तान और इंग्लैंड के बीच खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के दौरान क्रिकेट से इतर एक ऐसा विवाद सामने आया, जिसने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड और मैच के आधिकारिक ब्रॉडकास्टर के बीच तनाव को सार्वजनिक कर दिया। मामला पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के बेटों सुलेमान खान और कासिम खान के इंटरव्यू के प्रसारण से जुड़ा है।

इंटरव्यू को लेकर पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड यानी PCB ने आधिकारिक ब्रॉडकास्टर Sky Sports से इसे प्रसारित नहीं करने का अनुरोध किया था। रिपोर्टों के मुताबिक बोर्ड की ओर से यह चेतावनी तक दी गई कि यदि इंटरव्यू दिखाया गया तो पाकिस्तान की टीम मैच से हट सकती है।

हालांकि, Sky Sports ने PCB की आपत्ति के बावजूद इंटरव्यू को निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रसारित किया। करीब 18 मिनट के इस इंटरव्यू में इमरान खान के दोनों बेटों ने अपने पिता की जेल में स्थिति और स्वास्थ्य को लेकर चिंता जाहिर की।

विवाद के बीच सबसे अहम बात यह रही कि पाकिस्तान की टीम लंच के बाद मैदान पर उतरी और मुकाबला जारी रहा। यानी प्रसारण को लेकर पैदा हुआ विवाद मैदान से पाकिस्तान की टीम की वापसी में तब्दील नहीं हुआ।

इमरान खान के बेटों का इंटरव्यू इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर और कमेंटेटर माइकल एथरटन ने लिया था। एथरटन उन पूर्व अंतरराष्ट्रीय कप्तानों में शामिल हैं, जिन्होंने इमरान खान की स्वास्थ्य स्थिति और उनके इलाज को लेकर पाकिस्तान सरकार से अपील की है।

इंटरव्यू में बेटों ने क्या कहा?

इमरान खान के बेटों ने अपने पिता की जेल में स्थिति को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की। कासिम खान ने आरोप लगाया कि उनके पिता को लंबे समय तक हिरासत में रखकर चुप कराने की कोशिश की जा रही है।

हालांकि, इन आरोपों पर पाकिस्तान सरकार का पक्ष अलग है। पाकिस्तान सरकार और जांच एजेंसियां इमरान खान तथा उनकी पार्टी PTI की ओर से लगाए जाने वाले राजनीतिक प्रतिशोध के आरोपों को खारिज करती रही हैं। सरकार का कहना है कि इमरान के खिलाफ मामले कानूनी प्रक्रिया के तहत चल रहे हैं।

पाकिस्तान में भी हुआ इंटरव्यू का प्रसारण

इस पूरे घटनाक्रम का एक और पहलू पाकिस्तान में इंटरव्यू के प्रसारण से जुड़ा रहा। मैच के आधिकारिक पाकिस्तानी प्रसारक PTV पर भी इमरान खान के बेटों का इंटरव्यू दिखाया गया, लेकिन कुछ देर बाद प्रसारण रोककर विज्ञापन चला दिया गया।

इंटरव्यू के अचानक रोके जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद यह मामला और चर्चा में आ गया। इससे यह सवाल भी उठा कि पाकिस्तान में इस इंटरव्यू के प्रसारण को लेकर किस स्तर पर असहजता थी।

इमरान खान को लेकर क्रिकेट जगत में भी चिंता

इमरान खान की स्थिति को लेकर क्रिकेट जगत के कई पूर्व दिग्गजों ने चिंता जाहिर की है। दुनिया के 21 पूर्व अंतरराष्ट्रीय कप्तानों ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ को पत्र भेजकर इमरान खान को उचित चिकित्सा सुविधा और परिवार से मिलने की अनुमति देने की अपील की है।

इस अभियान को ऑस्ट्रेलिया के मौजूदा कप्तान पैट कमिंस का भी समर्थन मिला। कमिंस ने पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ग्रेग चैपल सहित पूर्व कप्तानों की अपील साझा करते हुए कहा कि इमरान खान के साथ वह सम्मान होना चाहिए जिसके हर व्यक्ति हकदार हैं।

इससे पहले भी इमरान खान की स्थिति को लेकर एक पत्र पाकिस्तान सरकार को भेजा गया था। दूसरी अपील 23 अगस्त को सामने आई। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ जब इमरान खान की स्वास्थ्य स्थिति को लेकर भी खबरें सामने आती रही हैं।

अस्पताल से वापस जेल भेजे गए इमरान

इमरान खान को मेडिकल जांच के लिए इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल हॉस्पिटल ले जाया गया था। रिपोर्ट के मुताबिक अस्पताल में छह डॉक्टरों की टीम ने उनकी स्वास्थ्य जांच की। जांच के बाद उन्हें वापस अडियाला जेल भेज दिया गया।

इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में हैं। उनकी गिरफ्तारी की शुरुआत तोशाखाना मामले में हुई थी। इसके बाद सिफर, अल-कादिर ट्रस्ट और इद्दत निकाह समेत कई मामलों में कानूनी कार्रवाई हुई।

कुछ मामलों में उन्हें अदालत से राहत भी मिली और कुछ सजाओं पर रोक लगी, लेकिन अन्य मामलों के कारण उनकी जेल से रिहाई नहीं हो सकी।

इमरान खान और उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ का आरोप है कि 2022 में सत्ता से हटने के बाद उनके खिलाफ राजनीतिक कारणों से मामले दर्ज किए गए। PTI का दावा है कि इसका उद्देश्य इमरान खान को राजनीतिक गतिविधियों और चुनावी प्रक्रिया से दूर रखना है।

दूसरी ओर, पाकिस्तान सरकार इन आरोपों को स्वीकार नहीं करती और मामलों को न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा बताती है।

क्रिकेट मैच के बीच राजनीति का मुद्दा क्यों बना?

लॉर्ड्स टेस्ट का यह विवाद इसलिए महत्वपूर्ण हो गया क्योंकि इमरान खान सिर्फ पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री ही नहीं, बल्कि देश के सबसे चर्चित क्रिकेट कप्तानों में से एक रहे हैं। 1992 में उनकी कप्तानी में पाकिस्तान ने अपना पहला क्रिकेट विश्व कप जीता था।

यही वजह है कि उनके परिवार और स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों को क्रिकेट जगत में भी व्यापक प्रतिक्रिया मिलती है। लॉर्ड्स टेस्ट के दौरान उनके बेटों का इंटरव्यू सामने आने के बाद क्रिकेट और पाकिस्तान की राजनीति एक बार फिर एक ही चर्चा में आ गई।

फिलहाल पाकिस्तान और इंग्लैंड के बीच टेस्ट मैच जारी है, लेकिन लॉर्ड्स में इंटरव्यू को लेकर हुआ यह विवाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड और अंतरराष्ट्रीय प्रसारण व्यवस्था के बीच पैदा हुए मतभेद के रूप में चर्चा में बना हुआ है।

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क्रिकेट और राजनीति के बीच बढ़ती रेखा

लॉर्ड्स टेस्ट का विवाद केवल एक इंटरव्यू के प्रसारण तक सीमित नहीं है। यह सवाल भी सामने लाता है कि किसी अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन के दौरान खिलाड़ियों और उनके परिवार से जुड़े राजनीतिक मुद्दों को किस हद तक प्रसारित किया जाना चाहिए।

इमरान खान का क्रिकेट से रिश्ता बेहद मजबूत रहा है। वह विश्व कप विजेता कप्तान रहे हैं और बाद में पाकिस्तान की राजनीति में सबसे प्रभावशाली चेहरों में शामिल हुए। इसलिए उनके परिवार से जुड़ी किसी भी सार्वजनिक टिप्पणी का क्रिकेट दर्शकों के बीच पहुंचना स्वाभाविक रूप से बड़ा मुद्दा बन जाता है।

दूसरी तरफ, ब्रॉडकास्टर की जिम्मेदारी भी महत्वपूर्ण है। यदि कोई इंटरव्यू पत्रकारिता के मानकों के तहत किया गया है और उसमें सार्वजनिक महत्व के मुद्दे उठाए गए हैं, तो उसके प्रसारण को लेकर संपादकीय स्वतंत्रता का सवाल उठता है। वहीं बोर्ड और मेजबान संस्थाओं को यह तय करने का अधिकार और जिम्मेदारी होती है कि उनके आयोजन का प्रसारण किस दायरे में हो।

इस मामले में सबसे सकारात्मक बात यह रही कि विवाद के बावजूद पाकिस्तान की टीम मैदान पर उतरी और टेस्ट मैच जारी रहा। खेल को राजनीतिक टकराव का शिकार बनने से बचाना ही क्रिकेट और उसके प्रशंसकों, दोनों के हित में है।

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